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दर्द भरी सिसकियाँ

Everyone attention so मेरी ये novel होगी थोड़ी dark way में I hope आप सबको पसंद आए |

पेरिस-:moonlight 7star hotel______

रात का समय-:

You're driving me crazy......तभी वो शख्स अपने नीचे लेटी उस लड़की को अपनी तरफ खींच कर उसपर हावी होने लगता है जोकि उसकी पकड़ से निकलने के लिए छटपटा रहीं थी |

Please मुझे छोड़ दो मुझे नहीं पता था Please मुझे छोड़ दो __

Shhhhhh .... ... baby girl आज की रात ये नहीं किसी और तरीके से अब तुम्हारे इस चांद से चेहरे से निकलवाना है |

तभी वो शख्स अपने पास में पड़े बेल्ट से उसके हाथों को उपर की तरफ बंध देता है जिससे वो लड़की डर से कांपते हुए खुद को छुड़ाने लगती हैं मगर अब कहा ही वो इस राक्षस के चंगुल से बच पाती |

तभी वो शख्स रात के उस अंधेर कमरे में डूबा हुआ अब उसकी हरकते भी बढ़ने लगी थी |

Ahhhhhh तभी उस लड़की की चीख़ निकल जाती है क्युकी उसके उंगलियों की हरकते काफी बढ़ रहीं थी |धीरे धीरे नीचे की और बढ़ता हुआ अब वो उसके उस नाजुक से अंग को धीरे धीरे अपनी जीभ की कारीगरी के साथ साथ दांतों की भी दिखाने लगा |

जिससे वो लड़की भी मदहोश होकर अब मो* करने लगी थी |

Please stop.....stop......I can't handle Please ...

मग़र उसकी चीख़ को सुनकर वो शख्स अब काफी passionate हो चुका था |और अब वो किसी भूखे शेर की तरह उसको खाने लगा जितनी गहराई तक उसके हॉट और जीभ उतर रहीं थी उतनी ही सिद्दत से उस लड़की की चीख़ |

करीब आधे घंटे बाद एक हल्की चीख़ के साथ वो लड़की कांपते हुए शांत हो चुकी थी और उसके पैर जो गरदन पर लिपटे थे वो काँपने लगे थे |

वही उसकी चीख़ सुनकर वो शख्स तिरछा मुस्करा दिया और बिना किसी रहम के उसके उपरी भाग को बच्चों की तरह पी रहा था जिससे उसकी passionate हरकत को वो नाजुक जिस्म झेल नहीं पा रहा था |

कि तभी उस शख्स ने एक झटके में उसके पैरों को अपने कमर पर लपेट उसके अंदर की गहराई में समा चुका था जिससे वो चीख़ पाती की उसकी चीख़ को अपने होठों के अंदर जब्त कर लिया |

अब वो अपने हाथों से उस को पीछे करने की नाकाम कोशिश करने लगी जिससे उसने अपने हाथों में उसकी कलाई थाम उपर की और कर दी और अब धीरे-धीरे गहराई के साथ उसके अंदर उतरने लगा था |

अब ये रात उस लड़की की चीख़ के पुकार से खत्म होने लगी थी मगर उस शख्स के अंदाज में फर्क़ आया हो नहीं बिल्कुल नहीं |

करीब सुबह के पांच बजे वो उससे दूर हुआ और उसके चेहरे को गौर से देख ने लगा हल्की पीली रोशनी मे उसका पसीने से चूर उसका गुलाबी पड़ चुका चेहरा और थकान से चूर वो अब तक गहरी नींद में या ये कहो कि वो बेहोश हो चुकी थी |

धीरे से उस के चेहरे को सहलाते हुए उसने एक झटके में उसको अपने उपर कर लिया |

वही वो लड़की का जिस्म इस तरह से उससे लिपट गया मानो कोई कपड़ा |उसको अछे से adjust कर उसके कमर को धीरे-धीरे सहलाने लगा और उसकी गर्दन में अपना चेहरा छुपा कर उसकी smell को sniff करने लगा |

Hyyy everyone here's new chapter plz support my novel

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Anvi Sharma

Let's shine together ❤️